00 अपराध जांच को और अधिक वैज्ञानिक एवं सटीक बनाने रायपुर कमिश्नरेट पुलिस की पहल
00 घटनास्थल से मिले फिंगरप्रिंट से खुलेगा शातिर अपराधियों तक पहुंचने का रास्ता
रायपुर (वनांचल न्यूज)। अपराधी कितना भी शातिर क्यों न हो, घटनास्थल पर उसकी छोड़ी गई छोटी से छोटी निशानी पुलिस को उस तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण कड़ी साबित हो सकती है। इसी उद्देश्य से अपराध विवेचना को अधिक वैज्ञानिक एवं तकनीकी रूप से मजबूत बनाने के लिए रायपुर कमिश्नरेट पुलिस द्वारा एक विशेष पहल की गई है।

रायपुर कमिश्नरेट एवं रायपुर ग्रामीण पुलिस के अधिकारियों-कर्मचारियों हेतु फिंगरप्रिंट एवं राष्ट्रीय स्वचालित फिंगरप्रिंट पहचान प्रणाली (NAFIS) के संबंध में एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया गया।
यह प्रशिक्षण यातायात मुख्यालय, कालीबाड़ी, रायपुर के प्रथम तल में आयोजित किया गया। प्रशिक्षण फिंगरप्रिंट विशेषज्ञ अजय कुमार साहू द्वारा नोडल अधिकारी पीताम्बर पटेल, अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त के मार्गदर्शन में प्रदान किया गया।
प्रशिक्षण के दौरान पुलिसकर्मियों को बताया गया कि दरवाजे, खिड़की, कांच, वाहन, अलमारी एवं अन्य वस्तुओं पर मिले फिंगरप्रिंट अपराधी की पहचान में महत्वपूर्ण साक्ष्य साबित हो सकते हैं।
चांस प्रिंट अर्थात अदृश्य, आंशिक अथवा अस्पष्ट फिंगरप्रिंट को चिन्हित करने, वैज्ञानिक तरीके से उठाने, सुरक्षित रखने एवं परीक्षण हेतु भेजने की व्यावहारिक जानकारी भी दी गई।
पुलिसकर्मियों को थानों में उपलब्ध कराए गए फिंगरप्रिंट किट के उपयोग, घटनास्थल को सुरक्षित रखने, फिंगरप्रिंट विकसित करने एवं उसे सुरक्षित पैक करने की प्रक्रिया का व्यवहारिक प्रशिक्षण दिया गया। साथ ही विवेचना में फिंगरप्रिंट साक्ष्य के प्रभावी उपयोग एवं आवश्यक सावधानियों की जानकारी दी गई।
प्रशिक्षण में राष्ट्रीय स्वचालित फिंगरप्रिंट पहचान प्रणाली (NAFIS) के संबंध में भी विस्तार से जानकारी दी गई। NAFIS के माध्यम से घटनास्थल से प्राप्त फिंगरप्रिंट का उपलब्ध रिकॉर्ड से डिजिटल मिलान कर संदिग्ध व्यक्ति की पहचान एवं उसके आपराधिक रिकॉर्ड के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी प्राप्त की जा सकती है। इससे विशेष रूप से अंतरराज्यीय अपराधियों की पहचान में पुलिस को बड़ी सहायता मिलेगी।
प्रशिक्षण के दौरान फिंगरप्रिंट, डीएनए, सीसीटीवी एवं डिजिटल साक्ष्यों सहित आधुनिक फॉरेंसिक तकनीकों के प्रभावी उपयोग पर जोर दिया गया। यह कार्यशाला पुलिस विवेचना को अधिक वैज्ञानिक, सटीक एवं प्रभावी बनाने तथा अपराधियों की पहचान एवं गिरफ्तारी में तेजी लाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
