जांच समिति की रिपोर्ट के बाद शासन ने की कार्रवाई : सुश्री तनुजा बेलसरिया को मिला प्रभार
दंतेवाड़ा (वनांचल न्यूज़)। महिला एवं बाल विकास विभाग के जिला कार्यक्रम अधिकारी वरुण नागेश को दो महिला कर्मचारियों द्वारा लगाए गए यौन उत्पीड़न के आरोप सही पाए जाने पर तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। कलेक्टर कार्यालय से मंगलवार 29 अप्रैल 2026 को इस आशय का आदेश जारी किया गया।राज्य शासन के निर्देश पर छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियम, 1966 के तहत यह कार्रवाई की गई है। निलंबन अवधि में उनका मुख्यालय नियमानुसार निर्धारित रहेगा।विभाग में कार्यरत दो महिलाओं ने डीपीओ वरुण नागेश पर यौन उत्पीड़न एवं अश्लील भाषा का प्रयोग करने का आरोप लगाया था। मामले के संज्ञान में आने के बाद कलेक्टर द्वारा पांच सदस्यीय जांच समिति गठित की गई थी। हालांकि अधिकारी वरुण नागेश ने सभी आरोपों को झूठा एवं बेबुनियाद बताया था।जांच समिति द्वारा प्रस्तुत प्रतिवेदन में शिकायत सही पाई गई। रिपोर्ट मिलने के बाद जिला प्रशासन ने तत्काल कार्रवाई करते हुए डीपीओ को निलंबित कर दिया। महिला एवं बाल विकास विभाग जैसे संवेदनशील विभाग से जुड़े प्रकरण को देखते हुए शासन ने गंभीरता दिखाई है।निलंबन के पश्चात विभाग का सम्पूर्ण प्रभार सुश्री तनुजा बेलसरिया को सौंपा गया है। आदेशानुसार 30 अप्रैल 2026 तक समस्त प्रभार सौंपने की प्रक्रिया पूर्ण की जाएगी।
