रायपुर (वनांचल न्यूज)। छत्तीसगढ़ राज्य वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष एवं कैबिनेट मंत्री दर्जा प्राप्त डॉ. सलीम राज की अध्यक्षता में आज रायपुर में प्रेस वार्ता आयोजित हुई। वार्ता में मदरसा शिक्षा, नई शिक्षा नीति, अल्पसंख्यक शैक्षणिक संस्थानों एवं मुस्लिम समाज के विकास को लेकर विस्तृत चर्चा हुई। इस अवसर पर उत्तराखंड वक्फ बोर्ड के चेयरमैन श्री शादाब शम्स भी उपस्थित रहे।

डॉ. सलीम राज ने कहा कि माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व में केंद्र सरकार शिक्षा, कौशल विकास और रोजगार के क्षेत्र में सराहनीय कार्य कर रही है। मुस्लिम समाज के बच्चों और युवाओं का भविष्य आधुनिक शिक्षा से जुड़ा है। आज आवश्यकता है कि दीनी शिक्षा के साथ-साथ कंप्यूटर, विज्ञान, गणित, अंग्रेजी और रोजगारपरक कौशल भी दिया जाए।
उन्होंने प्रधानमंत्री जी के विजन “एक हाथ में कुरआन और दूसरे हाथ में कंप्यूटर” का उल्लेख करते हुए कहा कि उद्देश्य बच्चों को परंपरा से जोड़े रखते हुए आधुनिक ज्ञान से लैस करना है। मुस्लिम युवाओं को नौकरी के साथ-साथ उद्यमिता और स्वरोजगार की ओर भी बढ़ना चाहिए। विशेष रूप से मुस्लिम महिलाओं की शिक्षा और आर्थिक भागीदारी महत्वपूर्ण है।
उत्तराखंड वक्फ बोर्ड चेयरमैन श्री शादाब शम्स ने उत्तराखंड में मदरसा शिक्षा में किए गए आधुनिक सुधारों का अनुभव साझा किया और कहा कि विद्यार्थियों को भविष्य की आवश्यकताओं के अनुरूप तैयार करना जरूरी है।
प्रेस वार्ता में छत्तीसगढ़ में मदरसा शिक्षा को आधुनिक शिक्षा से जोड़ने और युवाओं को कौशल-रोजगार से जोड़ने की कार्ययोजना पर भी चर्चा हुई।
अंत में डॉ. सलीम राज ने कहा कि “सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास” के संकल्प के अनुरूप मुस्लिम समाज तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुँचाना और नई पीढ़ी को शिक्षा व कौशल से जोड़कर विकसित भारत के निर्माण में भागीदार बनाना ही लक्ष्य है।
